Home छत्तीसगढ़ रामसर स्थल कोपरा जलाशय में ‘ग्रीन ड्राइव’ अभियान

रामसर स्थल कोपरा जलाशय में ‘ग्रीन ड्राइव’ अभियान

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छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध रामसर स्थल कोपरा जलाशय में पर्यावरण संरक्षण और जैवविविधता को बढ़ावा देने के लिए एक विशेष ‘ग्रीन ड्राइव’ अभियान चलाया गया। इस अभियान का मुख्य उद्देश्य जलाशय के आसपास के हरित क्षेत्र (ग्रीन कवर) का विस्तार करना और स्थानीय व प्रवासी पक्षियों के लिए एक सुरक्षित तथा अनुकूल प्राकृतिक आवास विकसित करना है।

संयुक्त तत्वावधान में हुआ आयोजन

इस अभियान का आयोजन छत्तीसगढ़ राज्य वेटलैंड प्राधिकरण और बिलासपुर वनमंडल के संयुक्त तत्वावधान में गुरुवार को किया गया। कार्यक्रम में पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ आर्द्रभूमि (वेटलैंड) के प्रबंधन को मजबूत करने पर विशेष जोर दिया गया।

भारी जनभागीदारी और छात्रों का उत्साह

अभियान की सबसे बड़ी विशेषता इसमें देखने को मिली व्यापक जनभागीदारी रही। कार्यक्रम में स्थानीय जनप्रतिनिधि ने ग्रामीणों के साथ मिलकर इस मुहिम में हिस्सा लिया। शासकीय माध्यमिक विद्यालय, कोपरा के छात्र-छात्राओं ने अत्यंत उत्साहपूर्वक विभिन्न प्रकार के फलदार पौधों का रोपण किया। रोपे गए ये फलदार पौधे आने वाले समय में यहाँ आने वाले प्रवासी और स्थानीय पक्षियों के साथ-साथ अन्य वन्यजीवों के लिए प्राकृतिक भोजन का मुख्य स्रोत बनेंगे, जिससे क्षेत्र का पारिस्थितिकी तंत्र (इकोसिस्टम) और अधिक समृद्ध होगा।

संरक्षण का लिया संकल्प, अन्य गांवों तक होगा विस्तार

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों, ग्रामीणों और विद्यार्थियों ने पर्यावरण तथा आर्द्रभूमि के संरक्षण का सामूहिक संकल्प लिया। सभी ने केवल पौधे लगाने तक ही सीमित न रहकर, उनकी नियमित देखभाल करने और उन्हें सुरक्षित रखने का भी वचन दिया।

जलाशय के आसपास के ग्रामीणों से मिले इस रिस्पॉन्स को देखते हुए प्रशासन ने ग्रीन ड्राइव अभियान का दायरा बढ़ाने का फैसला किया है। अब इस अभियान को कोपरा जलाशय से जुड़े अन्य सीमावर्ती गांवों तक भी विस्तारित किया जाएगा। इस पहल से स्थानीय समुदाय की भागीदारी बढ़ेगी, जिससे जलवायु परिवर्तन के खतरों को कम करने और आर्द्रभूमि प्रबंधन को बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।

नागरिकों से सहयोग की अपील

छत्तीसगढ़ राज्य वेटलैंड प्राधिकरण ने प्रदेश के सभी नागरिकों से इस तरह के जन-अभियानों से जुड़ने का आह्वान किया है। प्राधिकरण ने अपील की है कि लोग अपने स्तर पर अधिक से अधिक पौधे लगाएं, उनकी जिम्मेदारी लें और श्हरित छत्तीसगढ़श् के सपने को साकार करने में अपनी सक्रिय भूमिका निभाएं।