नयी दिल्ली.
छह नवंबर दिल्ली सरकार के खाद्य सुरक्षा विभाग ने दिवाली से पहले शहर भर में मिठाइयों की दुकानों, डेयरी और खाद्य विनिर्माण इकाइयों का निरीक्षण कर लगभग 100 किलोग्राम ऐसी खाद्य सामग्री नष्ट की जो खाने योग्य नहीं थीं। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। मुख्यमंत्री कार्यालय (सीएमओ) द्वारा जारी बयान के अनुसार, विभाग ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और स्वच्छता के मानकों की जांच के लिए उत्तर-पूर्वी, पूर्वी, शाहदरा, दक्षिणी और दक्षिण-पूर्वी दिल्ली में दुकानों का निरीक्षण किया तथा मिठाइयों व डेयरी उत्पादों के 40 नमूने एकत्र किए।
अभियान के दौरान टीमों ने खोया, पनीर, घी, कलाकंद, लड्डू, गुलाब जामुन और सूखे मेवे के उपहार पैक के 22 नमूने लिए। मंडोली एक्सटेंशन की एक डेयरी में अधिकारियों को बदबूदार खोया, रसगुल्ले और दूध मिला, जिसमें मक्खियां थीं। बयान में कहा गया कि अधिकारियों ने परिसर में मौजूद लगभग 100 किलोग्राम खाद्य सामग्री को मौके पर ही नष्ट कर दिया।
दक्षिणी और दक्षिण-पूर्वी दिल्ली में अधिकारियों ने मिठाई की 12 दुकानों का निरीक्षण किया। उन्होंने जांच के लिए लड्डू, बर्फी, कलाकंद, रसगुल्ला, खोया, छेना, पनीर, घी और स्किम्ड मिल्क पाउडर के 18 नमूने एकत्र किए। विभाग ने एक शिकायत के बाद निहाल विहार में मिठाई बनाने वाली एक इकाई का भी निरीक्षण किया और वहां से तीन नमूने लिए।
यह इकाई भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण (एफएसएसएआई) के पंजीकरण के बिना चल रही थी। साफ-सफाई और स्वच्छता के मानकों में कमियां पाए जाने पर अधिकारियों ने आठ प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किए। बयान में कहा गया है कि प्रयोगशाला की रिपोर्ट और निरीक्षण के निष्कर्षों के आधार पर उल्लंघनकर्ताओं के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि सरकार त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों में मिलावट या स्वच्छता के मानकों में लापरवाही को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगी। उन्होंने कहा, जनस्वास्थ्य की रक्षा करना और उपभोक्ताओं का विश्वास बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।




